Category: Vrat Katha

ब्रहमगौरी पूनम व्रत – Brahmagauri Poonam Vrat

ब्रहमगौरी पूनम व्रत  यह व्रत पौष मास की शुक्ल पक्ष की तृतीया तिथि को किया जाता है। इस दिन जगत जननी गौरी का षोडशोपचार पूजन किया जाता है। यह स्त्रियों का व्रत त्यौहार है। गौरी पूजन के प्रभाव से पुत्र – पति की आयु बढ़ती है तथा उनको स्वर्गलोक की प्राप्ति होती है।   ये भी पढ़ें – सफला एकादशी

Festivals 2019 – Safla Ekadashi – सफला एकादशी व्रत कथा

Safla Ekadashi Saphala Ekadashi पौष माह की कृष्ण पक्ष की एकादशी को सफला एकादशी कहते हैं। इसका व्रत करने से सारे कार्य सफल हो जाते हैं। इस व्रत को करने वाले को प्रातः स्नान करके भगवान अच्युत की आरती करनी चहिए तथा भोग लगाना चहिए अगरबती नारियल सुपारी आँवला अनार तथा लौंग से पूजन करें। दीपदान

Ahoi Ashtami 2019 : ahoi ashtami vrat katha, ahoi ashtami vrat Vidhi

Ahoi Ashtami अहोई आठें का व्रत सन्तान की उन्नति, प्रगति और दीर्घायु के लिये होता है। यह व्रत कार्तिक माह में कृष्ण पक्ष की अष्टमी को किया जाता है। जिस दिन की दीपावली होती है, उससे ठीक एक सप्ताह पूर्व उसी दिन की अहोई अष्टमी पड़ती है।                

Rama Ekadashi Vrat Katha Hindi | रमा एकादशी व्रत कथा

Rama Ekadashi Vrat Katha यह व्रत कार्तिक मास में कृष्ण पक्ष की एकादशी को रखा जाता है। इस दिन भगवान श्रीकृष्ण का सम्पूर्ण वस्तुओं से पूजन, नैवेद्य तथा आरती कर प्रसाद वितरितकरके ब्राह्मणों को भोजन करायें और दक्षिणा दें। रमा एकादशी व्रत कथा  अर्जुन ने कहा – हे केशव ! कृपा कर अब आप मुझे

रविवार (इतवार) {sunday} व्रत विधि,कथा | Ravivar Vrat Katha

Ravivar Vrat Katha Ravivar vrat katha   रविवार (इतवार) व्रत करने की विधि सर्व मनोकामनाओं की पूर्ति हेतु रविवार का व्रत श्रेष्ठ है। इस व्रत की विधि इस प्रकार है:-     प्रातः काल स्नानादि से निवृत्त हो स्वच्छ वस्त्र धारण करें। शांतचित्त होकर व्रत धारण करें। भोजन एक समय से अधिक नहीं करना चाहिए।

Yogini Ekadashi | योगिनी एकादशी व्रत कथा | Yogini Ekadashi Vrat Katha

Yogini Ekadashi Yogini Ekadashi Vrat Katha   वह एकादशी जो आषाढ़ मास के कृष्ण पक्ष मैं आती है उसे योगिनी एकादशी कहते हैं। योगिनी एकादशी का व्रत करने से सभी पाप मिट जाते हैं और जीवन में खुशियाँ और आनन्द की प्राप्ति होती है। योगिनी एकादशी का व्रत करने से बैकुंठ की प्राप्ति होती है। योगिनी एकादशी तीनों लोकों में

Nirjala Ekadashi | निर्जला एकादशी व्रत कथा

Nirjala Ekadashi Nirjala Ekadashi Vrat Katha   वर्ष की सभी चौबीस एकादशियों में से निर्जला एकादशी सबसे अधिक महत्वपूर्ण एकादशी बताई गई है। बिना जल के व्रत को निर्जला व्रत कहते हैं और निर्जला एकादशी का उपवास किसी भी प्रकार के भोजन और पानी के बिना किया जाता है। व्रत के कठोर नियमों के कारण सभी

पुरुषोत्तमी (परमा) हरिवल्लभ एकादशी व्रत कथा 2018

Parama Ekadashi Parama ekadashi vrat katha   वर्ष 2018 में परमा एकादशी ज्येष्ठ महीने में पड़ी है। जो एकादशी अधिक मास या परषोत्तम मास के कृष्ण पक्ष में आती है उसे परमा एकादशी कहते हैं। परमा एकादशी का व्रत जो मास अधिक हो जाता है उसपर निर्भर करता है इसीलिए परमा एकादशी का उपवास करने